मदरसा दावतुल इस्लाम मोलेपुर फतेहगढ़ साहिब में मौलाना मुहम्मद उस्मान रहमानी लुधियानवी का संबोधन
फतेहगढ़ साहिब,29 फरवरी। मौलाना मुहम्मद तालिब नदवी अध्यक्ष जमीयत उलेमा फतेहगढ़ साहिब और मोहतमिम मदरसा इस्लामिया दावत-उल-इस्लाम मौलेपुर के की निगरानी में एक कार्यक्रम का आयोजन किया गया, जिसकी अध्यक्षता पंजाब के शाही इमाम मौलाना मुहम्मद उस्मान रहमानी लुधियानवी ने की, जबकि विशेष अतिथि के रूप में मुफ्ती मुहम्मद आरिफ लुधियानवी मुफ्ती ए शहर और जमीयत उलेमा लुधियाना के अध्यक्ष, मौलाना वली शिमाली मोहमिम मदरसा दावत-उल-ईमान राजपुरा और कारी मुहम्मद एहसान मोहतमिम मदरसा फैज रियाज अल-जन्नह शरीक हुए।
कार्यक्रम में बोलते हुए, पंजाब के शाही इमाम और मजलिस अहरार इस्लाम हिंद के अध्यक्ष मौलाना मुहम्मद उस्मान रहमानी लुधियानवी ने कहा कि हमारे लिए मुजद्दिद अल्फ सानी शेख अहमद फारूकी सरहंदी एक आदर्श व्यक्ति हैं। उन्होंने अपने माता पिता, शिक्षकों, एवं शयूख की निगरानी में जिस प्रकार से शिक्षा और प्रशिक्षण, और निस्वार्थता के मरहलों को निर्धारित किया और कर्मक्षेत्र में जो ईमानदारी दिखाई और अपनी पूरी ताकत से झूठ का मुकाबला किया, बहुत ही बुद्धिमानी से उस युग के शासकों की जहनसाजी की और मिल्लते इस्लामिया के हिचकोले खाती नाव को किनारे पर लाया वह एक महान कार्य होने के साथ साथ मिल्लते इस्लामिया पर बड़ा उपकार है।
मौलाना वली शिमाली,, मुफ्ती मुहम्मद आफाक इमाम- खतीब जामा मस्जिद बैंक कॉलोनी पटियाला, मुफ्ती मुहम्मद आरिफ लुधियानवी और मौलाना तालिब नदवी आदि ने भी सभा को संबोधित किया। मोैलाना उस्मान लुधियानवी, सैय्यद आकिब और अन्य अतिथियों ने हुफ्फाज ए किराम दस्तारबंदी की। फारगीन कोसाइकिल के रूप में पुरस्कार दिया गया। अंत में शाही इमाम पंजाब की दुआ पर कार्यक्रम लगभग 2:30 बजे समाप्त हुआ।




