नई दिल्ली। सुप्रीम कोर्ट ने बुधवार को टिप्पणी की कि अधिकांश तलाक प्रेम विवाह से उत्पन्न होते हैं। जस्टिस बीआर गवई और संजय करोल की बैंच वैवाहिक विवाद से पैदा हुई तबादला पटीशन की सुनवाई कर रही थी।
हालांकि, कोर्ट ने कहा है कि हाल ही में आए एक फैसले को देखते हुए वह उसकी मर्जी के बिना उसे तलाक दे सकती है। इसके बाद बैंच ने दोनों पक्षों को समझौते के लिए बुलाया।
इसी के मद्देनज़र केस पर बहस के दौरान एक वकील ने कोर्ट को बताया कि तलाक के इस मामले में यह शादी लव मैरिज थी। गवई ने जवाब देते हुए कहा “ज्यादातर तलाक प्रेम विवाहों से ही पैदा होते हैं।” कोर्ट ने समझौता प्रस्ताव रखा, जिसका पति ने विरोध किया।



