मोगा। कुछ दिन पहले मोगा के गांव रामुवाला कलां में दो बच्चों के झगड़े को लेकर दो परिवारों के बीच खूनी झड़प हो गई थी। एक परिवार ने दूसरे परिवार के घर जाकर उन्हें बुरी तरह पीटा। इस घटना में तीन लोग घायल हो गये। पूरी घटना सीसीटीवी में कैद हो गई।
मारपीट के सबूत मिटाने के लिए हमलावर घर में लगे सीसीटीवी का डीवीआर भी अपने साथ ले गए। पिटाई के बाद पूरे परिवार को 5-6 घंटे तक घर में बंद रखा गया और अस्पताल भी नहीं जाने दिया गया। सूचना मिलने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची और पूरे परिवार को मोगा के सिविल अस्पताल ले गई।
घायल परिवार की अमनदीप कौर ने बताया कि कुछ दिन पहले यहां के स्कूल में नौवीं कक्षा में पढ़ने वाले एक लड़के ने नौवीं कक्षा में पढ़ने वाली उनकी बेटी को गलत शब्द कहे थे। बेटी ने भाई को बताया तो उसका बेटा लड़के से पूछने गया। इसी बात को लेकर उसके बेटे की पिटाई की गयी। इसी बात को लेकर दोनों परिवारों के बीच विवाद हो गया।
इसी विवाद को लेकर 25 से 30 लोगों ने घर में घुसकर हमला कर दिया। उसके पति और दिव्यांग देवर को जमकर पीटा गया। बाद में जब हम गेट तोड़कर अंदर आये तो हमारे साथ भी मारपीट की गयी। आरोपी घर में आग लगाने की बात कहकर सीसीटीवी कैमरे का डीवीआर भी ले गए। घायल अवस्था में वह घर पर ही रहा। आरोपियों ने एंबुलेंस को भी नहीं आने दिया। 5/6 घंटे बाद पुलिस ने उन्हें घर से बाहर निकाला और अस्पताल में भर्ती कराया।
उसी टंकी पर सवार चरणजीत कौर के बेटे बसंत सिंह ने बताया कि अमनदीप कौर अक्सर गाली-गलौज करती थी। थाने में शिकायत भी दर्ज करायी गयी लेकिन पुलिस ने कोई कार्रवाई नहीं की। आज अमनदीप कौर ने अपने चाचा के लड़के को स्कूल जाते समय रास्ते में घेर लिया और उसके साथ दुर्व्यवहार किया। जब हमने उनके घर के बाहर प्रदर्शन किया तो पुलिस ने आकर हमारे साथ जबरदस्ती की और मेरी मां को धक्का दिया। जिसके चलते उसके माता-पिता न्याय मांगने के लिए पानी की टंकी पर चढ़ गए।
डीएसपी धर्मकोट रविंदर सिंह ने बताया कि स्कूल में बच्चों की लड़ाई को लेकर दो परिवारों के बीच झगड़ा हुआ था। इससे दोनों परिवारों के बीच झगड़ा हो गया। एक परिवार अस्पताल में भर्ती, दूसरा परिवार पानी की टंकी पर चढ़ गया। दोनों पक्षों की शिकायत की जांच कर कार्रवाई की जायेगी।



