चंडीगढ़। पंजाब में अब तक डेंगू के 440 मामले सामने आ चुके हैं। इनमें से 114 सक्रिय मामले हैं। इसके अलावा स्वास्थ्य विभाग ने लोगों को आई फ्लू और त्वचा संक्रमण से बचने की भी सलाह दी है। राज्य भर में 10 डेंगू हॉटस्पॉटस की पहचान की गई है। जहां निगरानी के लिए स्वास्थ्य टीमें तैनात की गई हैं। अधिकारियों द्वारा प्रतिदिन इनकी निगरानी की जा रही है।
इसके अलावा 855 ब्रीडिंग चेकर्स की सेवाएं भी ली जा रही हैं। यह जानकारी स्वास्थ्य मंत्री बलबीर सिंह ने सोमवार को दी। उन्होंने राज्य में जल और वेक्टर जनित बीमारियों के प्रसार को रोकने के लिए उचित कदम उठाने के लिए एक अंतर-विभागीय समन्वय बैठक की अध्यक्षता की। उन्होंने कहा कि डेंगू, मलेरिया और चिकनगुनिया के मामले बढ़ने पर किसी भी तरह की आपात स्थिति से निपटने के लिए स्वास्थ्य विभाग द्वारा 1300 बिस्तरों वाले विशेष वार्ड बनाए गए हैं।
बैठक में पंजाब के जल आपूर्ति एवं स्वच्छता मंत्री ब्रह्म शंकर जिम्पा, परिवहन मंत्री लालजीत सिंह भुल्लर और स्थानीय निकाय मंत्री बलकार सिंह भी उपस्थित थे। बता दें कि सभी सरकारी स्वास्थ्य केंद्रों में डेंगू और मलेरिया की जांच और इलाज बिल्कुल मुफ्त है। व्यक्ति इलाज के लिए सरकारी स्वास्थ्य सुविधाओं में जा सकते हैं।



