अमृतसर, 3 दिसंबर | पंजाब के पूर्व उप मुख्यमंत्री सुखबीर सिंह बादल मंगलवार को हरमंदिर साहिब के मुख्य द्वार पर सेवक के रूप में नतमस्तक हुए। उनके गले में एक तख्ती भी थी। सुखदेव सिंह ढींढसा भी उनके साथ कार्यरत थे। बिक्रम मजीठिया गंदे बर्तन साफ करते रहे। गेट पर सेवा करने के बाद सुखबीर बादल कीर्तन सुनने के लिए अंदर चले गए। इसके बाद वे बर्तन साफ करेंगे और जूते भी सर्व करेंगे।
सुखबीर बादल को भी शौचालय साफ़ करने की सज़ा सुनाई गई थी लेकिन पैर में फ्रैक्चर के कारण उन्हें छूट दे दी गई थी। शिरोमणि अकाली दल सरकार के दौरान दोपहर 12 बजे के बाद शौचालयों की सफाई अकाली दल के बागी गुट और अन्य कैबिनेट सदस्यों द्वारा की जाती थी।
इससे एक दिन पहले सोमवार को श्री अकाल तख्त साहिब पर पंज सिंह साहिबों की बैठक हुई थी, जिसमें डेरा सिरसा प्रमुख राम रहीम को माफी देने और केस वापस लेने के मामले में सुखबीर बादल और अन्य को सजा सुनाई गई थी।



