मोगा। युवक को पीटकर मारने के मामले में आखिरकार थाना बाघापुराना पुलिस ने हत्या और आइटी एक्ट में केस दर्ज कर लिया है। वायरल वीडियो से पहचान कर इस केस में पांच लोगों को नामजद कर 10-15 अज्ञात को शामिल किया गया है। नामजद आरोपितों की पहचान नानक सिंह, जगतार सिंह, सीरा सिंह, गुरनाम सिंह और धर्मपाल के रूप में हुई है।
वायरल वीडियो में भीड़ में शामिल लोग युवक को रस्सियों से बांधकर उस पर बेरहमी से लाठियों से प्रहार करते दिख रहे हैं। एसएचओ जसविंदर सिंह एक दिन पहले तक ये दावा कर रहे थे कि दोनों पक्षों में समझौते की बात चल रही है। उनके पास पीड़ित पक्ष नहीं आ रहा है, जिस कारण वे FIR नहीं कर पा रहे हैं। उधर, एसएसपी जे एलनचेजियन की सख्ती के बाद पुलिस ने केस दर्ज किया।
सूत्रों के अनुसार जिले के एक ग्रामीण क्षेत्र के जनप्रतिनिधि के दबाव में पुलिस इस मामले में केस दर्ज करने से बच रही थी। पूरा मामला ही स्वभाविक मौत का बना दिया गया था। मृत युवक अनुसूचित जाति से संबंधित बताया जा रहा है। कुछ लोग इस मामले को राष्ट्रीय अनुसूचित जाति आयोग के पास भी ले गए हैं। घर से उठाकर एक मकान में ले जाकर की थी पिटाई थाना बाघापुराना क्षेत्र के गांव गुरुसर माड़ी मुस्तफा में 15 अक्टूबर को एक धर्मस्थल के प्रबंध समिति के सदस्य व कुछ ग्रामीण एक युवक धर्म सिंह को उसके घर से उठा लाए थे। युवक के माता-पिता राजस्थान में कपास की खेती की मजदूरी के लिए गए हुए थे।
युवक को घर से उठाकर एक मकान में ले गए। वहां उसकी जमकर पिटाई की। फिर कुछ लोगों ने युवक को घर में ही रस्सियां से बांधकर उसकी टांगों पर लाठियों से जमकर प्रहार किए। युवक वहीं पर बेहोश होकर गिर पड़ा था। गांव के पंचायत सदस्य मेजर सिंह युवक को लेकर मथुरादास सिविल अस्पताल पहुंचे, जहां उसे मृत घोषित कर दिया गया था।



