रोपड़, 28 अक्तूबर | रोपड़ के एक वकील और उसके परिवार द्वारा अपनी बुजुर्ग विधवा मां पर अमानवीय अत्याचार करने का मामला सामने आया है, जिसके बाद पुलिस और मानवता सेवा संगठन ने कानूनी मदद से इस बुजुर्ग को नारकीय जीवन से बाहर निकाला और अस्पताल में भर्ती कराया। अस्पताल।इस कलयुगी बेटे के खिलाफ कार्रवाई हो गई है। रोपड़ के वकील को निलंबित कर दिया गया है। रोपड़ बार एसोसिएशन ने सदस्यता रद्द कर दी है।
रोपड़ के पॉश इलाके ज्ञानी जैल सिंह नगर में वकील अंकुर वर्मा और उनकी पत्नी और नाबालिग बेटे ने एक बुजुर्ग विधवा मां पर अत्याचार किया। 73 साल की इस रिटायर विधवा प्रोफेसर आशा रानी की पिटाई का शक हुआ तो दीपशिखा ने सीसीटीवी कैमरे की फुटेज निकलवाई और उसमें पिटाई की तस्वीरें कैद हो गईं। इस घटना की सारी जानकारी जब बेटी दीपशिखा ने मानवता सेवा संगठन को दी तो इस संगठन ने स्थानीय प्रशासन के साथ मिलकर कानूनी प्रक्रिया का पालन करते हुए इस वृद्ध महिला को उसके बेटे के परिवार के चंगुल से मुक्त कराया और अस्पताल में भर्ती कराया। जहां डॉक्टरों द्वारा इस वृद्ध का इलाज किया गया है।




