नरसिंहपुर/मध्यप्रदेश। नरसिंहपुर से एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है। यहां थाने में खड़ी दो कबाड़ कारों से करोड़ों की हशीश ड्रग्स निकली है। ये दोनों कार करीब 3 साल पहले जब्त की गई थींं। अब इन कारों के डिक्की कवर, गेट और बोनट से लगभग साढ़े चार करोड़ की कीमत की हशीश ड्रग्स बरामद की गई है।
नरसिंहपुर के स्टेशन गंज थाने में करीब 3 साल से दो लग्जरी कार खड़ी-खड़ी कबाड़ हो रही थीं। यह दोनों गाड़ियां अक्टूबर साल 2020 में हशीश ड्रग्स तस्करी के मामले में जब्त की गई थी। उस मामले में नेपाल से चेन्नई जा रहे सात आरोपियों को डी आर आई की टीम ने उत्तर दक्षिण कॉरिडोर नेशनल हाईवे 44 पर हशीश की तस्करी करते हुए पकड़ा था। आरोपियों की कार से 117 किलो हशीश ड्रग्स मिली थी। तब से सातों आरोपी जेल में बंद हैं, वे कानपुर, चेन्नई और मिर्जापुर के रहने वाले हैं।
मामले में आरोपी पक्ष ने जब्त हुई गाड़ियों को वापस लेने के लिए आवेदन दिया था। इसके बाद पुलिस को शक हुआ कि आखिरकार आरोपी पक्ष के परिवार वाले इन कबाड़ गाड़ियों को वापस क्यों लेना चाहते हैं। इस आधार पर पुलिस ने हाईकोर्ट से स्वीकृति लेने के बाद पुनः गाड़ियों की चेकिंग की। कबाड़ हो रही गाड़ियों ने हशीश का जखीरा उगलना शुरू कर दिया।
कबाड़ कारों की चेकिंग के दौरान 86 किलो हशीश ड्रग्स मिली है। यह गाड़ियों की डिक्की कवर, गेट और बोनट सहित नीचे बनी तलहटी में जमी मिली है। एसपी अमित कुमार के मुताबिक गाड़ियों में जहां से ड्रग्स मिली है उसे देखकर लगता है जैसे गाड़ी इसी काम के लिए डिजाइन कराई गई हो। पुलिस ने डी आर आई टीम और आरोपियों की मौजूदगी में दोनों गाड़ियां खुलवाकर उनमें से साढे चार करोड़ की हशीश निकाली है।