चंडीगढ़। बहबल कलां पुलिस गोलीबारी की कथित घटना की आठवीं बरसी पर विधानसभा में विपक्ष के नेता प्रताप सिंह बाजवा ने मारे गए सिख युवकों और उनके परिवारों के साथ न्याय करने में विफल रहने के लिए आम आदमी पार्टी के नेतृत्व वाली पंजाब सरकार की निंदा की। उन्होंने कहा कि पुलिस की कथित गोलीबारी की घटना के पीड़ितों को न्याय दिलाना आप का मुख्य चुनावी वादा था।
अब सरकार बनने के 18 महीने बाद भी आप सरकार ने जो किया है, वह महज दिखावा है। बाजवा ने कहा कि दो सिख प्रदर्शनकारियों-सरावां गांव के गुरजीत सिंह और फरीदकोट जिले के नियामीवाला गांव के कृष्ण भगवान सिंह की 14 अक्टूबर 2015 को उस समय हत्या कर दी गई थी, जब वे बेअदबी की घटना का विरोध कर रहे थे। उन्होंने कहा कि पिछले साल, 14 अक्टूबर को, इस घटना की सातवीं वर्षगांठ के दौरान विधानसभा के स्पीकर कुलतार सिंह संधवां ने न्याय प्रदान करने के लिए 45 दिनों का समय मांगा था।



