Saturday, April 11, 2026
No menu items!
Google search engine

मुस्लिम संगठन पंजाब की ओर से मुहर्रम उल हराम (योम-ए-शहादत) के मौके पर लगाया गया लंगर : मोहम्मद सिकंदर

Spread the News

जालन्धर ।  मुस्लिम संगठन पंजाब की ओर से आज मुहर्रम उल हराम (योम-ए-शहादत) के दिन लंगर मुस्लिम कालोनी (जैमल नगर) जालंधर में लगाया गया । इस मौके पर पंजाब प्रधान एडवोकेट नईम खान ज़ी और जालंधर यूथ प्रधान मोहम्मद सिकंदर ज़ी, उनके साथ उनकी टीम साजिद सलमानी, अरमान खान, सरफराज़ खान, वसीम खान, गौतम खोसला, सौरव वर्मा, मौहम्मद अली साहब दीप गिल ज़ी, अज़हर खान आदि भाई ने मिलकर लंगर वितरित किया ।

प्रधान एडवोकेट नईम खान ज़ी ने बताया कि आशूरा मुहर्रम की 10 तारीख को कहा जाता है, जो इस्लामिक कैलेंडर का पहला महीना है और दिनांक 28 जुलाई, 2023 दिन वीरवार को शुरू हुआ और आज दिनांक 29 जुलाई, 2023 दिन शुक्रवार को समाप्त होगा । आशूरा से एक दिन पहले, जो मुहर्रम की 9 वीं तारीख है, कई मुसलमानों के लिए नमाज़ का दिन होता है ।

प्रधान एडवोकेट नईम खान ज़ी ने बताया कि मुहर्रम इस्लामी चंद्र कैलेंडर का पहला महीना है जिसे हिजरी के नाम से भी जाना जाता है और ‘अल्लाह का महीना’ दुनिया भर के मुसलमानों के लिए बहुत महत्व रखता है। यह विशेष रूप से मुस्लिम समुदाय के लिए शौक और शहादत का महीना है, क्योंकि यह पैगंबर मुहम्मद के प्रिय पोते इमाम हुसैन की शहादत का प्रतीक है । प्रधान एडवोकेट नईम खान ज़ी ने बताया कि मुहर्रम का इतिहास वर्तमान इराक के कर्बला में वर्ष 680 AD (इस्लामिक कैलेंडर का 61वां वर्ष) में हुई घटनाओं में गहराई से निहित है । इमाम हुसैन अपने परिवार के सदस्यों और 72 अनुयायियों के साथ उमय्यद ख़लीफ़ा यजीद के दमनकारी शासन के खिलाफ खड़े हुए ।

RELATED ARTICLES
- Advertisment -
Google search engine

Most Popular

Recent Comments