नई दिल्ली, 19 जनवरी | कोचिंग संस्थानों के मनमाने रवैये पर रोक लगाने के लिए केंद्र सरकार ने बड़ी कार्रवाई की है। केंद्रीय शिक्षा मंत्रालय ने नई गाइडलाइंस जारी की हैं, जिसका उद्देश्य छात्र आत्महत्या के मामलों में कमी लाना है।
गाइडलाइंस के अनुसार, कोई भी कोचिंग संस्थान 16 साल से कम उम्र के छात्रों को दाखिला नहीं दे सकता है। इसके साथ ही, संस्थानों को रैंक और गुमराह करने वाले वादों की गारंटी देने का निर्देश दिया गया है। ग्रेजुएशन से कम शिक्षा वाले ट्यूटरों को भी रखने की अनुमति नहीं है और सारे संस्थानों को वेबसाइट बनानी होगी।
इन नए दिशानिर्देशों के साथ-साथ, सरकार ने छात्रों को तत्काल सहायता प्रदान करने के लिए संस्थानों में विशेष प्रणालियों का होना महत्वपूर्ण बताया है। इसके साथ ही, फीस की रसीद और कोर्स छोड़ने पर फीस की वापसी की भी प्रक्रिया शामिल की गई है। कोचिंग सेंटर्स पर लगने वाली फीस के जुर्माने का भी प्रावधान किया गया है। ये नए दिशानिर्देश तीन महीने के भीतर पुनः पंजीकरण के लिए लागू होंगे।



