जालंधर, 12 सितंबर | शिरोमणि अकाली दल के वरिष्ठ नेता जालंधर के ढिल्लों ब्रदर्स मामले में SHO नवदीप सिंह के खिलाफ लगातार मोर्चा खोले हुए हैं।अब मजीठिया के खिलाफ SHO नवदीप की पत्नी सुखविंदर कौर ने भी मोर्चा खोल दिया है।
सुखविंदर कौर ने बिक्रम मजीठिया द्वारा एक कॉन्फ्रेंस के दौरान लगाए गए आरोपों के जवाब देते हुए कहा कि बिक्रम मजीठिया जोकि नशा तस्करी के मामले में जेल से छूटे हैं वह ढिल्लों ब्रदर्स की मौत पर राजनीतिक करके सहानुभूति हासिल नहीं कर पाएंगे और न ही जो मुख्यमंत्री बनने का सपना देख रहे हैं उसे ही साकार कर पाएंगे। उन्होंने मजीठिया पर आरोप लगाया कि उनकी कोठी पर सवाल खड़े करने वाले पहले अपने 9 रत्नों के बारे में बताएं जो लमरेटा स्कूटर पर घूमते थे, आज करोड़पति हैं।
सुखविंदर कौर ने कहा कि सूर्या ऐनक्लेव में जहां पर उनका घर है उसके आसपास कई इंस्पेक्टरों, सब-इंस्पेक्टरों के घर हैं। मजीठिया की सुरक्षा में तैनात कर्मचारियों के भी घर हैं जिन्होंने 10-12 साल की सर्विस में ही उनकी कोठी से भी बड़ी कोठियां यहां पर बना रखी हैं। आरोप लगाया कि मजीठिया की सुरक्षा में तैनात सिपाही भी ट्रकों के मालिक हैं।
उन्होंने मजीठिया से पूछा के उनके आगे-पीछे विचरने वालों के पास इतना पैसा कहां से आया। क्या पुलिस विभाग में 21-22 साल नौकरी करने वाला इंस्पेक्टर नवदीप एक घर भी नहीं बना सकता।
मजीठिया ने उनके घर की लोकेशन, फोटो, पता सब सार्वजनिक किया है। घर में बुजुर्ग बच्चे सब रहते हैं यदि उन्हें कुछ हुआ तो इसे लिए वह जिम्मेदार होंगे।
उन्होंने कहा कि बरगाड़ी गोलीकांड भी शायद मजीठिया को भूल गया है जिसमें निर्दोषों के खून से उनके हाथ रंगे हैं।
सुखविंदर कौर ने अकाली नेता बिक्रम मजीठिया पर आरोप लगाते हुए कहा कि उन्होंने पंजाब में नशा बेच बेच कर कई घर बर्बाद किए हैं। आज प्लस-टू के बाद मां-बाप को चिंता होती है कि उसे विदेश भेज दें। ताकि वह मजीठिया के फैलाए जहर से बच जाए। मजीठिया साहब आप उन माताओं से जाकर पूछो जिनके बच्चों की लाशें पेटियों में बंद होकर आती हैं।
उन्होंने कहा कि जिन घरों को आपने नशे से बर्बाद किया है उन घरों की माताओं की बददुआएं आपको चैन से बैठने नहीं देंगी।
सुखविंदर कौर ने आरोप लगाया कि जिन मानवजीत और जश्नबीर को बहुत अच्छे बच्चों की तरह से प्रेजेंट किया जा रहा है वह उन पर हत्या के प्रयास का मामला दर्ज हुआ था और दोनों भाई जेल से समझौते के बाद छूटे थे। हिमालय मोटर्स की कॉलोनी में दोनों लड़कियों को परेशान करते रहते थे। इसी दौरान उनका हिमालय मोटर्स के मालिक से झगड़ा हुआ था।
दोनों भाइयों और उनके दादा ने तेजधार हथियारों के साथ हिमालय मोटर्स के मालिक पर तेजधार हथियारों से हमला किया था। तीनों जेल में बंद रहे थे। तीनों पीड़ित पार्टी से समझौते के बाद जेल से छूटे थे। मानवजीत ने तो थाने में महिला मुलाजिम जगजीत कौर के साथ भी बदतमीजी की।



